सूचना का अधिकार कानून को स्कूली पाठ्यक्रम में शामिल करने की मांग, महासंघ ने लिखा पत्र

प्रतीकात्मक चित्र।

@ प्रदीप खांबलकर |

'माहिती अधिकार कार्यकर्ता महासंघ' ने सूचना का अधिकार कानून (आरटीआई)-2005 को स्कूली शैक्षणिक पाठ्यक्रम में शामिल करने की मांग की है। महासंघ के राज्य कार्याध्यक्ष शेखऱ कोलते ने यह जानकारी दी।

कोलते ने बताया कि उन्होंने उक्त संबंध में महाराष्ट्र केे शिक्षा मंत्री, शिक्षा आयुक्त, शिक्षा संचालक, उपसंचालक, शालेय शिक्षा व क्रीड़ा विभाग के मुख्य सचिव, सामान्य प्रशासन विभाग के मुख्य सचिव और राज्य सूचना आयुक्त को लिखित निवेदन दिया है। निवेदन मेें कहा गया है कि केंद्रीय सूचना अधिकार कानून-2005 का प्रचार-प्रसार जरूरी है। इसे कक्षा आठवीं से बारहवीं तक के पाठ्यक्रमों में शामिल किया जाए। 

कोलते ने कहा कि देश में आरटीआई 17 साल पहले लागू हुआ था। यह कानून भ्रष्टाचार उजागर करने में अहम साबित हुआ है। 'माहिती अधिकार कार्यकर्ता महासंघ' पिछले 10 साल से राज्य के आम नागरिकों को आरटीआई का निशुल्क प्रशिक्षण दे रहा है। इससे निरंतर जनजागृति हुई है। नागपुर यूनिवर्सिटी के एलएलबी पाठ्यक्रम के पांचवें सेमेस्टर में भी आरटीआई-2005 शामिल है।

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