टाटा संस के पूर्व चेयरमैन सायरस मिस्त्री का सड़क हादसे में निधन; आयरिश नागरिक, जिसे भारत से ख्याति मिली
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| सायरस मिस्त्री (फाइल फोटो) |
@ सुनो सुनो रिपोर्ट |
टाटा संस के पूर्व चेयरमैन सायरस मिस्त्री का रविवार को महाराष्ट्र के पालघर जिले में सड़क दुर्घटना में निधन हो गया। वे 54 साल के थे।
प्राप्त जानकारी के अनुसार सायरस मर्सीडीज कार में अहमदाबाद से मुंबई की यात्रा कर रहे थे। इस दौरान पालघर में सूर्या नदी के पुल पर कार डिवाइडर से टकरा गई। हादसे में सायरस मिस्त्री का निधन हो गया। जबकि उनके साथ यात्रा कर रहे दो लोग घायल हो गए। इनमें कार का ड्राइवर भी शामिल है। घायलों को गुजरात के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
सायरस मिस्त्री मुंबई में पैदा हुए थे, लेकिन वे आयरिश नागरिक थे। उन्होंने लंदन बिजनेस स्कूल से पढ़ाई की थी। वे कारोबारी शापूरजी पालोनजी के सबसे छोटे बेटे थे। उनका परिवार आयरलैड के सबसे अमीर भारतीय परिवारों में से एक है। सायरस ने शापूरजी पालोनजी एंड कंपनी में 1991 में काम करना शुरू किया था। उन्हें 1994 में शापूरजी पालोनजी समूह का निदेशक नियुक्त किया गया था। सायरस के नेतृत्व में इस कंपनी ने जमकर मुनाफा कमाया। कंपनी का टर्नओवर दो करोड़ पाउंड से करीब डेढ़ अरब पाउंड हो गया।
शापूरजी पालोनजी एंड कंपनी ने मरीन, तेल-गैस और रेलवे के क्षेत्र में काम फैलाया। कंपनी के कंस्ट्रक्शन का काम 10 से अधिक देशों में फैला। सायरस के नेतृत्व में कंपनी ने भारत में कई बड़े रिकॉर्ड बनाए। इनमें सबसे ऊंचे रिहाइशी टॉवर, सबसे लंबे रेल पुल और सबसे बड़े बंदरगाह का निर्माण शामिल है।
टाटा संस के बोर्ड में सायरस 2006 में शामिल हुए। जानकारों के अनुसार टाटा संस के सबसे अधिक शेयर सायरस मिस्त्री के परिवार के पास हैं। साल 2012 में रतन टाटा के रिटायरमेंट के बाद सायरस मिस्त्री को टाटा ग्रुप की कमान मिली। वे टाटा संस के छठे चेयरमैन थे।
टाटा परिवार से इतर मिस्त्री ऐसे दूसरे व्यक्ति थे, जिन्हें टाटा ग्रुप का हेड बनाया गया था। टाटा ग्रुप की कमान मिलने पर मीडिया के एक वर्ग ने सायरस को 'सरप्राइज च्वॉइस' बताया था। करीबी लोग मिस्त्री को मृदुभाषी और स्पष्टवादी बताते थे। खाली समय में वे गोल्फ खेलना और किताबें पढ़ना पसंद करते थे। उन्हें लाइमलाइट से दूर रहना पसंद था।
मिस्त्री को अक्टूबर 2016 में टाटा संस के चेयरमैन के पद से हटा दिया गया था। तब उन्होंने दावा किया था कि कंपनी एक्ट का उल्लंघन कर उनकी बर्खास्तगी हुई है। इसके साथ ही उन्होंने टाटा संस के प्रबंधन में गड़बड़ी का भी आरोप लगाया था।
सायरस के निधन पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने दुख जताया है। उन्होंने कहा कि यह न केवल उनके परिवार के लिए बल्कि पूरे कारोबारी जगत के लिए क्षति है। उनका निधन चौंकाने वाली घटना है। मिस्त्री सफल उद्योगपति और दूरदर्शी उद्यमी थे। व्यापारिक दुनिया उन्हें उम्मीद भरी नजरों से देखती थी। राकांपा प्रमुख शरद पवार ने ट्वीट कर कहा, हमने कारोबारी दुनिया के सबसे चमकीले सितारे में से एक को खो दिया।
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